ऋषिकेश नगर निगम की बैठक में हंगामा, पार्षदों ने उठाए नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल।


ऋषिकेश। नगर निगम की आज हुई बैठक हंगामेदार रही। बैठक में पार्षदों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं को लेकर जोरदार विरोध दर्ज कराया। मुख्य रूप से नालियों की सफाई, जगह-जगह कूड़े के ढेर, जल भराव और केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित रहने वाले कामों पर पार्षदों ने नाराज़गी जताई।
बैठक के दौरान पार्षदों ने एमएनए और मेयर पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि निगम की लापरवाही से आमजन को रोजाना भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गंदगी और जलजमाव से बीमारियों का खतरा बढ़ गया है, लेकिन अधिकारी समाधान की जगह औपचारिकता निभाने में व्यस्त हैं। पार्षदों के छेत्र में कही कार्य बिना जानकारी के चल रहे है।
कुछ पार्षदों ने यह भी आरोप लगाया कि शिकायतों के बावजूद नालियों की सफाई समय पर नहीं हो रही है और कूड़ा उठाने की व्यवस्था कागजों तक ही सीमित है।
मेयर ने पार्षदों की आपत्तियों को गंभीरता से लेते हुए आश्वासन दिया कि समस्याओं के समाधान के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे। साथ ही एमएनए को आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए गए।
बैठक में कई बार पार्षदों और अधिकारियों के बीच तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली। हालांकि अंत में निर्णय लिया गया कि निगम क्षेत्र में सफाई व्यवस्था, जलनिकासी और कचरा प्रबंधन को बेहतर बनाने के लिए कार्य किया जाएगा।
यह बैठक साफ़ तौर पर इस बात का संकेत रही कि नगर निगम की कार्यप्रणाली से पार्षद और जनता दोनों ही असंतुष्ट हैं और अब जल्द ही सुधारात्मक कदम उठाना निगम प्रशासन की मजबूरी बन गई है।



